Info India News I Astro I शुक्र का उदय, मांगलिक कार्य प्रारंभ, बारिश के योग।
शुक्रोदय से पश्चिमी राज्य में छत्र भंग योग
भोपाल। दंपति सुख भोग विलास का कारक ग्रह शुक्र 2 फरवरी सोमवार को दोपहर 2:16 दिन में पश्चिम दिशा में उदित होंगे। मकर राशि में उदित शुक्र तारीख 5 को 2:27 दिन से कुंभ राशि में प्रवेश करेंगे। इस परिवर्तन के साथ ही कुंभ राशि में ग्रहों का जमवाड़ा धीरे-धीरे शुरू हो जाएगा। ज्योतिष मठ संस्थान के पंडित विनोद गौतम ने बताया कि आकाशीय गोचरीय ग्रह व्यवस्था के अनुसार फरवरी माह में सूर्य ,बुध, शुक्र, राहु एवं चंद्रमा का पंचग्रही योग बनेगा, यह योग देश दुनिया के लिए अशांति कारक है। आगामी मार्च तक यह योग पूर्ण रूप से बली होकर संकट काल प्रारंभ करेगा।
शुक्र के उदय से रुके हुए अवरुद्ध मांगलिक कार्यों की शुरुआत हो जाएगी। विवाह आदि मांगलिक कार्य प्रारंभ होंगे साथ ही शुक्र उदय से बादल बूंदाबांदी वर्षा के योग भी बनेंगे । कई जगह ओलावृष्टि की संभावना भी है।
पंडित गौतम के अनुसार फरवरी माह में ग्रहण दोष के प्रभाव से चतुर्ग्रही टकराव होगा जिससे युद्ध आदि सैनिक टकराव सीमा पर आतंकी गतिविधियां हो सकती हैं। व्यापार जगत में भी कहीं मंदी कहीं तेजी का रुख बना रहेगा। तूफान आदि प्राकृतिक घटना से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो सकता है शुक्र का उदय पश्चिमी राज्यों में छत्र भंग के संकेत भी देता है। इन राज्यों में अशांति तनाव की स्थिति बन सकती है वर्ग संघर्ष की स्थिति से इनकार नहीं किया जा सकता ग्रहों का जमवाड़ा धीरे-धीरे संकटकाल की ओर बढ़ रहा है, यह पूर्व के युद्ध के समय के । ग्रहों जैसे संकेत दे रहा है। अतः देश को विशेष सावधानी एवं एकजुटता की आवश्यकता है।
पंडित विनोद गौतम
ज्योतिष मठ संस्थान भोपाल
