Info India News I आजीविका मिशन की दीदियाँ प्रदेश की अर्थव्यवस्था को कर रही हैं सशक्त : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
5 लाख स्व-सहायता समूहों से सशक्त हुईं 65 लाख दीदियाँ, 12 लाख दीदियाँ बनीं लखपति
दीदियों ने किया एक वर्ष में 310 करोड़ रूपए का व्यापार
वर्ष 2026-27 के महिला एवं बाल विकास के बजट में की गई 26 प्रतिशत की वृद्धि
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया स्पेशल होली हैम्पर लाँच
मुख्यमंत्री ने आजीविका मार्ट ग्वालियर, एसएचजी रिटेल आउटलेट जबलपुर और संभाग व जिला स्तर पर होली मेलों का किया वर्चुअली शुभारंभ
प्रदेश की दीदियों के बनाए उत्पाद अब अमेजन सहेली, इंडिया पोस्ट और अन्य ई-प्लेटफार्म पर होंगे उपलब्ध
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आजीविका मिशन क्षमतावर्धन कार्यशाला का किया शुभारंभ
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि आजीविका मिशन से जुड़ी दीदियाँ एकता की शक्ति का सजीव उदाहरण है। बहनों द्वारा एकजुटता से किए जा रहे प्रयास ‘बंद मुट्ठी लाख की’ के भाव को चरितार्थ करते हुए देश और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान कर रहे हैं। बहनें आज ट्रैक्टर से लेकर ड्रोन तक चलाने के साथ गैस और पेट्रोल रिफिलिंग जैसे कार्य भी कर रही हैं। कैफे संचालन से लेकर मार्केट का टारगेट पूरा करने में अव्वल बहनें अचार, पापड़ निर्माण सहित कई छोटे उद्योगों से बेहतर कमाई कर रही हैं। भारतीय संस्कृति में मातृ सत्ता का विशेष महत्व है। राज्य सरकार के प्रयासों से प्रदेश की बहनें सशक्त हो रही हैं। प्रदेश के 5 लाख स्व-सहायता समूहों से 65 लाख से अधिक दीदियां जुड़कर सशक्त हुई हैं। इनमें से 12 लाख से अधिक दीदियां लखपति दीदी बन चुकी हैं। राज्य सरकार प्रदेश की बहनों के सशक्तिकरण के लिए संकल्पित है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्व-सहायता समूहों ने एक वर्ष में विभिन्न कंपनी और मेलों के माध्यम से 310 करोड़ रुपए का व्यापार किया है। मध्यप्रदेश, देश का सर्वाधिक प्राकृतिक खेती वाला राज्य है। हमारे स्व-सहायता समूहों की 50 हजार बहनें प्राकृतिक खेती में जुटी हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने वर्ष 2026-27 के बजट में महिला बाल विकास विभाग में 26 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। साथ ही बजट का कुल 34 प्रतिशत हिस्सा ग्रामीण विकास पर खर्च किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार को कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में स्वसहायता समूहों की आजीविका मिशन क्षमतावर्धन कार्यशाला का शुभारंभ कर कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यशाला का शुभारंभ किया। कार्यशाला में पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल, कौशल विकास मंत्री गौतम टेटवाल और पंचायत और ग्रामीण विकास राज्यमंत्री राधा सिंह उपस्थित थीं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभिन्न जिलों के स्व सहायता समूहों की दीदियों द्वारा लगाए गए विभिन्न उत्पादों के स्टालों का अवलोकन कर दीदियों से चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदर्शनी स्थल पर ग्राम छावनी पठार के मिलेट्स कैफे पर स्वादिष्ट व्यंजनों का लुत्फ लिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आजीविका ग्रामीण एक्सप्रेस योजना के 7 वाहनों को झंडी दिखाकर रवाना किया। मध्यप्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की दीदीयों द्वारा तैयार स्पेशल होली हैम्पर को लाँच किया गया। इसमें प्राकृतिक रंग, देशी घी, मिष्ठान, गोकाष्ठ, पूजन सामग्री और टीशर्ट जैसे 10 उत्पाद शामिल हैं। उज्जैन, सागर, कटनी, सीहोर, रीवा जिले की दीदीयों द्वारा तैयार होली हैम्पर पर केंद्रित लघु फिल्म का प्रदर्शन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समुदाय प्रबंधित प्रशिक्षण केंद्र (सीएमटीसी) का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में प्रशिक्षण केन्द्र पर लघु फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आजीविका मार्ट ग्वालियर, जबलपुर एयरपोर्ट पर स्व-सहायता समूहों के रिटेल आउटलेट और संभागीय एवं जिला स्तर पर होली मेलों का वर्चुअली शुभारंभ किया।
कार्यशाला में प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए प्रशिक्षण मॉड्यूल का विमोचन भी किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की उपस्थिति में मध्यप्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के साथ (एमपीएसआरएलएम) इंडिया पोस्ट, अमेजन सहेली, एक्सेस डेवलपमेंट सर्विस, बुद्धा इंस्टीट्यूट, टीआरआईएफ और साइटसेवर संस्थान के साथ एमओयू का आदान-प्रदान हुआ। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उत्कृष्ट कार्य करने वालीं स्व-सहायता समूहों की 5 दीदियों को सम्मानित किया। कार्यशाला में विपणन क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाली गुना जिले की मीनाक्षी फरागते ने अपनी सफलता की कहानी सभी के साथ साझा की।
